अभी तक का सबसे बड़ा खुलासा : इस आदमी ने कहा उस रात सलमान के साथ “एक लड़की भी थी जो कह रही थी” सलमान…

काला हिरण शिकार मामले में गुरुवार को कोर्ट ने सलमान को दोषी ठहराते हुए 5 साल कैद और 10 हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई।

जहां से उन्हें सीधे जोधपुर सेंट्रल जेल भेज दिया गया था। सलमान की जमानत याचिका पर जोधपुर की सेशन कोर्ट में शुक्रवार को सुनवाई में जज रवींद्र कुमार जैन ने कहा कि रिकॉर्ड देखने के बाद ही इस मामले में सुनवाई होगी। 20 साल पहले कांकाणी गांव में उस रात क्या हुआ था ये बात वहां मौजूद चश्मदीद ने पूरी बात मीडिया को बताई।

चश्मदीद छोगाराम विश्नोई के मुताबिक 1 और 2 अक्टूबर, 1998 की रात गुरुवार की रात में एक सफेद रंग की गाड़ी जंगल में लगातार घूम रही थी। उसकी आवाज सुनकर चश्मदीद पूनमचंद की नींद खुली और उसने आकर उन्हें उठाया था। अपने घर से कुछ ही कदम की दूरी पर उनके खेत में उन्हें गोली चलने की आवाज सुनाई दी जिससे उनका शक यकीन में बदल गया कि शिकारियों ने हिरण को मार दिया है।

गांव वालों के साथ जब सभी खेत में पहुंचे तो देखा कि वहां पर कुछ शहरी लोग थे जिनके साथ कुछ लड़कियां भी थीं। उनमें से एक लड़की सलमान से बोल रही थी सलमान ‘गोली मारो’। उनको देखकर वो लोग दोनों हिरण को वहीं छोड़ तेज स्पीड में निकल गए। गांव वालों ने उस गाड़ी का पीछा किया और तुरंत पहचान लिया कि वे सलमान हैं। जिसके बाद गांव के लोगों ने FIR दर्ज कराई थी और फिर तब से आज तक ये केस चल रहा है जिसमें सैफ, तब्बू और सोनाली को बरी कर दिया और सलमान को दोषी मानते हुए 5 साल की सजा सुनाई गई।

यह केस सबसे पुख्ता था, क्योंकि 1 अक्टूबर 1998 की रात जब सलमान और उनके साथियों ने जोधपुर के पास कांकाणी गांव में संरक्षित वन्य प्राणी दो काले हिरणों का शिकार किया था। गांव वालों ने गोली की आवाज सुनकर उनका पीछा भी किया था। इनमें से कई लोगों ने उन्हें मौके पर देखा था और हिरणों के शव भी फॉरेस्ट डिपार्टमेंट को सौंप दिए थे।

इस मामले में सलमान गोली चलाने के आरोपी बनाए गए। शिकार से जुड़े बाकी के दोनों केस में इकलौता चश्मदीद हरीश दुलानी था, उसने भी बयान बदल लिए थे। उसने सलमान के अलावा दूसरे कलाकारों को पहचानने से इनकार कर दिया था। दूसरा कमजोर पक्ष यह भी था कि उसमें हिरणों के शव नहीं मिले थे।

कांकाणी केस में पहली रिपोर्ट डॉ. नेपालिया की थी। उनकी रिपोर्ट के मुताबिक, एक हिरण की मौत दम घुटने से और दूसरे हिरण की मौत गड‌्ढे में गिर जाने और श्वानों के खाने से हुई थी। अभियोजन पक्ष का कहना था कि यह रिपोर्ट सही नहीं थी, क्योंकि इसमें गन इंजरी की बात नहीं थी। इसके बाद मेडिकल बोर्ड बैठाया गया। बोर्ड ने दूसरी पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में दोनों काले हिरणों की मौत की वजह गन शॉट इंजरी ही बताई।

सलमान पर आर्म्स एक्ट में कुल चार केस थे। तीन हिरणों के शिकार के और चौथा आर्म्स एक्ट का। दरअसल, तब सलमान के कमरे से उनकी निजी पिस्टल और राइफल बरामद की गई थीं, जिनके लाइसेंस की मियाद खत्म हो चुकी थी। सलमान पर जोधपुर के घोड़ा फार्म हाउस और भवाद गांव में 27-28 सितंबर 1998 की रात हिरणों का शिकार करने का आरोप लगा। फिल्म ‘हम साथ-साथ हैं’ की शूटिंग के दौरान सलमान और उनके साथियों ने 1 और 2 अक्टूबर, 1998 की रात जोधपुर के पास कांकाणी गांव में दो काले हिरणों के शिकार का आरोप था।

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